मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविंदर सिंह सुक्खू की अध्यक्षता में हुई कैबिनेट बैठक ने प्रदेशवासियों के लिए सौगातों की झड़ी लगा दी है। सरकार ने एक ओर जहां रोजगार की राह देख रहे युवाओं के लिए जल शक्ति, शिक्षा और स्वास्थ्य सहित विभिन्न विभागों में हजारों पदों पर बंपर भर्तियों का पिटारा खोल दिया है, वहीं जमीनी स्तर पर काम करने वाले आंगनवाड़ी वर्करों और वन मित्रों की जेब भी गर्म कर दी है। ग्रामीण अर्थव्यवस्था को बूस्ट देने के लिए दूध और मछलियों के दामों पर ऐतिहासिक फैसले लिए गए हैं, तो दूसरी तरफ कांगड़ा की बोह घाटी के आपदा प्रभावितों के दर्द पर राहत पैकेज का बड़ा मरहम लगाया गया है।
शिमला, 10 अक्तूबर 2026: मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविंदर सिंह सुक्खू की अध्यक्षता में शनिवार को शिमला में आयोजित हिमाचल प्रदेश मंत्रिमंडल की बैठक में प्रदेशवासियों के लिए कई अहम और दूरगामी फैसले लिए गए। सरकार ने जहां एक ओर हजारों की संख्या में बंपर नौकरियों का पिटारा खोल दिया है, वहीं आंगनवाड़ी, वन मित्रों और मछुआरों से लेकर आपदा प्रभावितों तक हर वर्ग को बड़ी राहत दी है। आइए सिलसिलेवार तरीके से जानते हैं कैबिनेट के अहम फैसले:
1. बंपर नौकरियों की सौगात, जल शक्ति और शिक्षा विभाग में हजारों पद
रोजगार के मोर्चे पर सरकार ने मास्टरस्ट्रोक चलते हुए विभिन्न विभागों में हजारों पदों को भरने की हरी झंडी दे दी है। अकेले जल शक्ति विभाग में 4, 090 पैरा वर्करों (पंप ऑपरेटर, फिटर आदि) की भर्ती होगी। 100 अतिरिक्त स्कूलों को सीबीएसई से जोड़ा जाएगा, जहां 3, 900 शैक्षणिक और 900 गैर-शैक्षणिक पद भरे जाएंगे। इसके अलावा स्वास्थ्य विभाग में 500 स्टाफ नर्स, वन विभाग में 500 सहायक वन रक्षक, कॉलेज कैडर में 320 सहायक प्रोफेसर, तकनीकी शिक्षा में 160 पद और पीडब्ल्यूडी में 172 मल्टी टास्क वर्करों की भर्ती को भी मंजूरी दी गई है। एसएमसी और आउटसोर्स पर लगे कंप्यूटर शिक्षकों के लिए एलडीआर (सीमित सीधी भर्ती) परीक्षा का रास्ता भी साफ कर दिया गया है।

2. मानदेय में इजाफा, कर्मचारियों व वर्करों की जेब हुई गर्म
जमीनी स्तर पर सेवाएं दे रहे वर्करों को सरकार ने बड़ा तोहफा दिया है। आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं का मानदेय 10, 500 से बढ़ाकर 11, 500 रुपये और सहायिकाओं का 5, 800 से 6, 800 रुपये कर दिया गया है। वन मित्रों के मानदेय में भी 2, 000 रुपये का भारी इजाफा करते हुए इसे 10 हजार से 12 हजार रुपये कर दिया गया है। इसके अलावा सीमावर्ती क्षेत्रों में तैनात विशेष पुलिस अधिकारियों (SPO) का मानदेय 500 रुपये बढ़ाया गया है। कर्मचारियों के तबादलों को पारदर्शी बनाने के लिए उप-मुख्यमंत्री मुकेश अग्निहोत्री की अध्यक्षता में एक उप-समिति का गठन भी किया गया है, जो नई ट्रांसफर पॉलिसी का ड्राफ्ट तैयार करेगी।
3. किसानों, पशुपालकों और मछुआरों की आय बढ़ाने का एक्शन प्लान
ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूत करने के लिए दुग्ध प्रोत्साहन योजना के तहत सहायता राशि सीधे दोगुनी (3 रुपये से 6 रुपये प्रति लीटर) कर दी गई है। सरकारी विभाग अब मिल्कफेड से ही दूध खरीदेंगे ताकि उत्पादकों को बाजार मिल सके। वहीं, 'मुख्यमंत्री मछुआरा सहायता योजना' शुरू कर मछलियों का न्यूनतम समर्थन मूल्य (MSP) 100 रुपये प्रति किलो तय किया गया है; नीलामी में इससे कम दाम मिलने पर सरकार 20 रुपये/किलो तक की सब्सिडी देगी। ट्राउट मछली पालकों के लिए एक करोड़ रुपये के जोखिम निधि योजना को भी मंजूरी दी गई है।

4. आपदा प्रभावितों पर मरहम और सामाजिक सुरक्षा पर जोर
कांगड़ा की बोह घाटी के आपदा प्रभावितों के लिए कैबिनेट ने अपना खजाना खोलते हुए विशेष राहत पैकेज का ऐलान किया है। पूरी तरह क्षतिग्रस्त मकानों के लिए 7.50 लाख रुपये, घरेलू सामान के लिए 1 लाख रुपये, छह महीने का राशन और 5, 000 रुपये किराया दिया जाएगा। पशु और फसल के नुकसान का भी अलग से मुआवजा तय किया गया है। इसके साथ ही, शत-प्रतिशत दिव्यांग व्यक्तियों की मासिक पेंशन 1 अप्रैल 2026 से बढ़ाकर 3, 000 रुपये कर दी गई है। होमगार्ड स्वयंसेवकों को संकट या बीमारी की स्थिति में मिलने वाली सहायता 10 हजार से बढ़ाकर 25 हजार और मृत्यु पर 1 लाख रुपये कर दी गई है।
5. इंफ्रास्ट्रक्चर, स्वास्थ्य और सख्त प्रशासनिक फैसले
स्वास्थ्य सेवाओं का विस्तार करते हुए चंबा मेडिकल कॉलेज में नया राजकीय नर्सिंग कॉलेज (60 सीटें) खोलने और अटल सुपरस्पेशलिटी संस्थान चमियाना में क्रिटिकल केयर व गैस्ट्रोएंट्रोलॉजी विभाग स्थापित करने को मंजूरी दी गई है। सुजानपुर के होली मेले को अंतरराष्ट्रीय दर्जा दिया गया है। इसके अलावा, काम में लापरवाही बरतने वाले 33 लघु जलविद्युत प्रोजेक्ट्स का आवंटन रद्द कर दिया गया है। नशे के खिलाफ जीरो टॉलरेंस नीति के तहत कांगड़ा और मंडी में एनडीपीएस के मामलों की सुनवाई के लिए विशेष न्यायालय (Special Courts) स्थापित करने का कड़ा फैसला भी लिया गया है।

डिस्क्लेमर (Disclaimer): यह समाचार हिमाचल प्रदेश सरकार द्वारा 10 अक्तूबर 2026 को जारी की गई आधिकारिक कैबिनेट प्रेस विज्ञप्ति पर आधारित है। भर्तियों की योग्यताओं, योजनाओं की शर्तों और राहत पैकेज के विस्तृत नियमों की प्रामाणिक जानकारी के लिए पाठकों को संबंधित सरकारी विभागों की आधिकारिक वेबसाइट्स या जारी होने वाली विस्तृत अधिसूचनाओं (Notifications) का अवलोकन करने की सलाह दी जाती है।