सोलन: सोलन जिले के पर्यटन स्थल कसौली इलाके में एक बेहद चौंकाने वाला, रहस्यमयी और सुरक्षा में सेंध लगाने वाला मामला सामने आया है। भारतीय सेना की वर्दी पहनकर खुद को एक वरिष्ठ सैन्य अधिकारी (कर्नल) बताने वाले 31 वर्षीय एक युवक की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई है। यह मामला सिर्फ एक मौत का नहीं है, बल्कि इसके तार सीधे तौर पर राष्ट्रीय सुरक्षा के मानकों और फर्जीवाड़े के एक बड़े नेटवर्क से जुड़े होने का अंदेशा जता रहे हैं।
कांगड़ा जिले के बैजनाथ का मूल निवासी यह युवक असल में सोलन के एक निजी होटल का मामूली कर्मचारी था। लेकिन वह लंबे समय से फर्जी कर्नल बनकर पूरे इलाके में अपना रौब गांठ रहा था। वह बाकायदा सेना की वर्दी, बैज और नकली पहचान पत्र के साथ घूमता था और स्थानीय लोगों से लेकर पुलिस तक को चकमा दे रहा था। एक आम नागरिक का सेना की वर्दी में खुलेआम घूमना और खुफिया तंत्र का उस पर शक न होना, स्थानीय खुफिया एजेंसियों के पूरी तरह फेल होने का प्रमाण है।
पुलिस की प्रारंभिक तफ्तीश में यह मामला आत्महत्या का प्रतीत हो रहा है, क्योंकि बताया जा रहा है कि युवक ने खुद कोई जहरीला पदार्थ निगला है। हालांकि, इस खौफनाक कदम और मौत के पीछे के असल कारणों पर अभी भारी सस्पेंस बरकरार है। आखिर उसे आत्महत्या करने की जरूरत क्यों पड़ी? क्या उस पर किसी गिरोह का दबाव था या फिर उसकी पोल खुलने वाली थी? पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है, जिसकी रिपोर्ट से कई राज बेपर्दा हो सकते हैं।
इस घटना ने पुलिस और सैन्य खुफिया एजेंसियों (MI) के कान खड़े कर दिए हैं। सेना की वर्दी के अनधिकृत उपयोग और धोखाधड़ी का मामला दर्ज कर लिया गया है। अब पुलिस इस बात की गहन तफ्तीश कर रही है कि आखिर यह युवक फर्जी सैन्य अधिकारी बनकर किस बड़ी साजिश को अंजाम दे रहा था? क्या उसने सैन्य ठिकानों की जासूसी की है या भोले-भाले युवाओं को सेना में भर्ती कराने के नाम पर कोई बड़ा रैकेट चला रहा था? यह मौत अपने पीछे सवालों का एक बड़ा जंजाल छोड़ गई है।