Thursday | October 15, 2026
आज का पंचांग, 15 अक्टूबर 2026: गुरुवार को जानें तिथि, नक्षत्र, शुभ मुहूर्त और राहुकाल       आज का राशिफल: 15 अक्टूबर 2026 - जानें सितारों की चाल और आपका भविष्य       IAS अफसरों के लिए नया फरमान: अब केवल फाइलों से नहीं, गीता के उपदेश और AI की परीक्षा पास करने पर ही मिलेगी पदोन्नति       विमल नेगी मौत मामला: CBI की जांच तेज, शिमला में पुलिस अफसर से घंटों पूछताछ; जानें मामले के अहम पहलू - पढ़ें पूरी खबर..       क्या हिमाचल में बनेंगे नए जिले? राज्य सरकार ने बड़े बदलावों का खाका तैयार करने के लिए बनाई 4 सदस्यीय कमेटी - पढ़ें पूरी खबर       शिमला में तहबाजारियों का हल्ला बोल: नगर निगम पर रोजी-रोटी छीनने का आरोप, उग्र आंदोलन की चेतावनी - पढ़ें पूरी खबर..       शिमला के टुटू में रामलीला मंच पर डांस को लेकर विवाद, वायरल वीडियो के बाद सोशल मीडिया पर उठे सवाल- पढ़ें पूरी खबर..       आज का राशिफल 14 अक्टूबर: धन, स्वास्थ्य और प्यार के मामले में आज किन राशियों की चमकेगी किस्मत ? - पढ़ें 12 राशियों की भविष्यवाणी       आज का पंचांग 14 अक्टूबर 2026: नवरात्रि के चौथे दिन मां कुष्मांडा की पूजा, जानें शुभ मुहूर्त, राहुकाल और आज का विशेष योग       जयराम ठाकुर का सीएम सुक्खू पर तंज: "राहुल गांधी पर समय बर्बाद न करें, हिमाचल के विकास पर दें ध्यान"      

पंचांग

आज का पंचांग, 15 अक्टूबर 2026: गुरुवार को जानें तिथि, नक्षत्र, शुभ मुहूर्त और राहुकाल

October 15, 2026 06:21 AM
ओम प्रकाश ठाकुर

आज का पंचांग 15 अक्टूबर 2026, गुरुवार: आज आश्विन मास के शुक्ल पक्ष की पंचमी तिथि है। शारदीय नवरात्रि का पाँचवाँ दिन होने के कारण आज माँ दुर्गा के पाँचवें स्वरूप माँ स्कंदमाता की पूजा-अर्चना की जाएगी। हिंदू धर्म में पंचांग का विशेष महत्व है। तिथि, वार, नक्षत्र, योग और करण के आधार पर दिन के शुभ-अशुभ समय की जानकारी प्राप्त की जाती है। आज का पंचांग शिमला, हिमाचल प्रदेश के स्थानीय समय के अनुसार प्रस्तुत है।

तिथि और पक्ष: आज शुक्ल पक्ष की पंचमी तिथि है, जो 16 अक्टूबर की सुबह लगभग 3 बजकर 25 मिनट तक रहेगी। इसके बाद शुक्ल पक्ष की षष्ठी तिथि आरंभ होगी। शुक्ल पक्ष को धार्मिक दृष्टि से पूजा-पाठ, आध्यात्मिक साधना और विभिन्न धार्मिक कार्यों के लिए महत्वपूर्ण माना जाता है।

वार और संवत: आज गुरुवार है। पंचांग के अनुसार विक्रम संवत 2083 और शक संवत 1948 चल रहा है। गुरुवार का दिन भगवान विष्णु और देवगुरु बृहस्पति की आराधना के लिए विशेष माना जाता है। धार्मिक मान्यता के अनुसार इस दिन भगवान विष्णु की पूजा, पीली वस्तुओं का दान और जरूरतमंदों की सहायता करना शुभ माना जाता है।

नक्षत्र: आज ज्येष्ठा नक्षत्र विद्यमान रहेगा। ज्योतिष शास्त्र में ज्येष्ठा नक्षत्र का संबंध बुध ग्रह से माना जाता है। इस नक्षत्र को बुद्धिमत्ता, जिम्मेदारी, नेतृत्व और निर्णय लेने की क्षमता से जोड़ा जाता है। किसी भी शुभ कार्य के लिए तिथि, नक्षत्र, योग और स्थानीय मुहूर्त पर विचार करना महत्वपूर्ण माना जाता है।

योग और करण: आज सौभाग्य योग रात लगभग 9 बजकर 15 मिनट तक रहेगा। इसके बाद शोभन योग आरंभ होगा। वहीं बव करण दोपहर लगभग 2 बजकर 16 मिनट तक रहेगा, जिसके बाद बालव करण प्रारंभ होगा। ज्योतिषीय परंपरा में योग और करण को पंचांग के महत्वपूर्ण अंग माना जाता है।

सूर्योदय और सूर्यास्त: शिमला में आज सूर्योदय लगभग सुबह 6 बजकर 24 मिनट पर और सूर्यास्त शाम 5 बजकर 50 मिनट पर होगा। चंद्रोदय लगभग सुबह 10 बजकर 54 मिनट पर रहने का अनुमान है। स्थान और स्थानीय गणना के अनुसार इन समयों में कुछ मिनट का अंतर हो सकता है।

चंद्र राशि और सूर्य राशि: आज चंद्रमा वृश्चिक राशि में संचार करेंगे, जबकि सूर्य कन्या राशि में स्थित हैं। ज्योतिषीय मान्यताओं के अनुसार चंद्रमा को मन और भावनाओं का तथा सूर्य को आत्मविश्वास, ऊर्जा और प्रतिष्ठा का कारक माना जाता है।

ब्रह्म मुहूर्त: आज ब्रह्म मुहूर्त सुबह लगभग 4 बजकर 47 मिनट से 5 बजकर 35 मिनट तक रहेगा। यह समय ध्यान, योग, मंत्र-जप और आध्यात्मिक साधना के लिए पारंपरिक रूप से शुभ माना जाता है। सुबह शांत वातावरण में पूजा-पाठ और सकारात्मक विचारों के साथ दिन की शुरुआत करना लाभकारी माना जाता है।

अभिजीत मुहूर्त: आज अभिजीत मुहूर्त सुबह 11 बजकर 44 मिनट से दोपहर 12 बजकर 30 मिनट तक रहेगा। हिंदू परंपरा में इसे कई प्रकार के शुभ कार्यों के लिए अनुकूल माना जाता है। हालांकि विवाह, गृह प्रवेश या अन्य विशेष मांगलिक कार्यों के लिए स्थानीय पंचांग के अनुसार मुहूर्त की पुष्टि करनी चाहिए।

राहुकाल: आज गुरुवार को राहुकाल दोपहर लगभग 1 बजकर 33 मिनट से 2 बजकर 58 मिनट तक रहेगा। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार इस अवधि में नए शुभ कार्यों का आरंभ टालने की सलाह दी जाती है। राहुकाल का समय सूर्योदय और सूर्यास्त के आधार पर निर्धारित होता है, इसलिए अलग-अलग शहरों में इसमें अंतर हो सकता है।

यमगण्ड और गुलिक काल: आज यमगण्ड काल सुबह लगभग 6 बजकर 24 मिनट से 7 बजकर 50 मिनट तक रहेगा। गुलिक काल सुबह 9 बजकर 15 मिनट से 10 बजकर 41 मिनट तक रहेगा। पारंपरिक पंचांग में इन अवधियों को नए शुभ कार्य शुरू करने के लिए सामान्यतः अनुकूल नहीं माना जाता है।

माँ स्कंदमाता की पूजा का महत्व: शारदीय नवरात्रि के पाँचवें दिन माँ स्कंदमाता की आराधना की जाती है। माँ स्कंदमाता भगवान कार्तिकेय की माता हैं और उन्हें मातृत्व, करुणा, शक्ति तथा संतान के कल्याण का प्रतीक माना जाता है। भक्त इस दिन माता रानी को पुष्प, फल और नैवेद्य अर्पित कर परिवार की सुख-शांति, समृद्धि और मंगल की कामना करते हैं। पूजा के दौरान श्रद्धापूर्वक “ॐ देवी स्कन्दमातायै नमः” मंत्र का जाप किया जा सकता है।

आज का शुभ संदेश: दिन की शुरुआत सकारात्मक विचारों, संयम और श्रद्धा के साथ करें। अपने कार्यों में ईमानदारी रखें, बड़ों का सम्मान करें और जरूरतमंदों की सहायता करें। धार्मिक मान्यता है कि सच्चे मन से की गई प्रार्थना और अच्छे कर्म जीवन में शांति तथा संतोष का मार्ग प्रशस्त करते हैं।

जय माता दी! माँ स्कंदमाता की कृपा सभी भक्तों पर बनी रहे और प्रत्येक परिवार में सुख, शांति, स्वास्थ्य तथा समृद्धि का वास हो।

नोट: पंचांग के समय शिमला के स्थानीय समय पर आधारित हैं। अन्य स्थानों पर सूर्योदय, सूर्यास्त और मुहूर्त अलग हो सकते हैं। प्रकाशन से पहले स्थानीय पंचांग से तिथि और मुहूर्त के समय की पुष्टि अवश्य करें।

 

Have something to say? Post your comment

पंचांग में और

आज का पंचांग 14 अक्टूबर 2026: नवरात्रि के चौथे दिन मां कुष्मांडा की पूजा, जानें शुभ मुहूर्त, राहुकाल और आज का विशेष योग

आज का पंचांग 13 अक्टूबर 2026: नवरात्रि के तीसरे दिन मां चंद्रघंटा की पूजा, जानें शुभ मुहूर्त, राहुकाल और आज का विशेष योग

आज का पंचांग 12 अक्टूबर 2026: नवरात्रि के दूसरे दिन मां ब्रह्मचारिणी की पूजा, जानें शुभ मुहूर्त, राहुकाल और आज का विशेष योग

आज का पंचांग 10 अक्टूबर 2026 | शनिवार को सर्वपितृ अमावस्या और शनिश्चरी अमावस्या का संयोग, जानें शुभ मुहूर्त, राहुकाल और आज का धार्मिक महत्व।

आज का पंचांग 9 अक्टूबर 2026, शुक्रवार: जानिए शुभ मुहूर्त, राहुकाल, तिथि, नक्षत्र और आज का धार्मिक महत्व..

आज का पंचांग : 8 अक्टूबर 2026: गुरु प्रदोष और मासिक शिवरात्रि का संयोग, जानें शुभ मुहूर्त, राहुकाल और पूजा का समय

आज का पंचांग, 7 अक्टूबर 2026: मघा श्राद्ध का विशेष संयोग, जानें तिथि, नक्षत्र, राहुकाल और शुभ मुहूर्त

मंगलवार : 6 अक्टूबर 2026 का पंचांग: आज इंदिरा एकादशी, जानें शुभ मुहूर्त, राहुकाल, तिथि, नक्षत्र और पूजा का सही समय

आज का पंचांग 27 सितंबर 2026: पितृपक्ष का हुआ शुभारंभ, जानें तिथि, नक्षत्र, शुभ मुहूर्त और राहुकाल

आज का पंचांग: 11 अगस्त 2026 - जानिए आज का शुभ मुहूर्त, राहुकाल और आज के दिन का महत्व