हिमाचल प्रदेश की 14वीं विधानसभा का 12वां मॉनसून सत्र 21 अगस्त 2026 को पूर्वाह्न 11:00 बजे आरंभ होगा। विधानसभा अध्यक्ष कुलदीप सिंह पठानियां ने जानकारी दी है कि यह सत्र 3 सितंबर 2026 तक चलेगा, जिसमें कुल 10 बैठकें आयोजित की जाएंगी। राज्यपाल की संस्तुति के उपरांत विधानसभा सचिवालय द्वारा इसकी आधिकारिक अधिसूचना और अस्थायी कार्यसूची जारी कर दी गई है।
शिमला (1 अगस्त 2026): (HD News); हिमाचल प्रदेश की 14वीं विधानसभा का 12वां मॉनसून सत्र 21 अगस्त 2026 से आरंभ होने जा रहा है। विधानसभा अध्यक्ष कुलदीप सिंह पठानियां की घोषणा के बाद, शनिवार (1 अगस्त) को विधानसभा सचिवालय द्वारा इस सत्र की अस्थायी कार्यसूची आधिकारिक तौर पर जारी कर दी गई है। यह सत्र 3 सितंबर 2026 तक चलेगा, जिसमें कुल 10 बैठकें आयोजित की जाएंगी। इस दौरान प्रदेश के कई अहम मुद्दों, विकास कार्यों और विधायी कामकाज पर सत्ता पक्ष और विपक्ष के बीच सार्थक चर्चा होने की उम्मीद है।

सत्र की शुरुआत 21 अगस्त, शुक्रवार को पूर्वाह्न 11:00 बजे होगी। पहले दिन शोकोद्गार (यदि कोई हो) प्रस्तुत किए जाएंगे और उसके बाद शासकीय एवं विधायी कार्य निपटाए जाएंगे। विधानसभा अध्यक्ष ने बताया कि जनहित के मुद्दों पर विस्तृत चर्चा सुनिश्चित करने के लिए 22 अगस्त को शनिवार के दिन भी सदन की कार्यवाही जारी रहेगी और विधायी कार्य होंगे। इसके बाद 23 अगस्त को रविवार के चलते सदन का अवकाश रहेगा।

सोमवार, 24 अगस्त से 26 अगस्त तक सदन में लगातार शासकीय और विधायी कार्य किए जाएंगे। वहीं, 27 अगस्त (वीरवार) का दिन विशेष रूप से 'गैर-सरकारी सदस्य कार्य दिवस' के लिए निर्धारित किया गया है, जिसके साथ अन्य विधायी कामकाज भी निपटाए जाएंगे। इसके पश्चात त्योहार और सप्ताहांत के चलते सदन में लगातार तीन दिन की छुट्टियां रहेंगी। 28 अगस्त को रक्षाबंधन के कारण बैठक नहीं होगी, जबकि 29 अगस्त (शनिवार) को भी सदन की कोई बैठक आयोजित नहीं की जाएगी और 30 अगस्त को रविवार का आधिकारिक अवकाश रहेगा।

सत्र के अंतिम चरण में 31 अगस्त (सोमवार) से 3 सितंबर (वीरवार) तक लगातार सदन की कार्यवाही चलेगी, जिसमें शेष बचे शासकीय और विधायी कार्यों को पूरा करते हुए सत्र का समापन होगा। विधानसभा अध्यक्ष पठानियां ने कहा कि सत्र की अधिसूचना जारी होने के साथ ही प्रश्नों की प्रक्रिया भी शुरू हो गई है। अब सभी माननीय सदस्य अपने-अपने निर्वाचन क्षेत्रों से संबंधित प्रश्न, जनसमस्याएं और महत्वपूर्ण सूचनाएं ऑफलाइन या ऑनलाइन माध्यम से विधानसभा सचिवालय को भेज सकते हैं, ताकि सदन में उन पर उचित रूप से चर्चा की जा सके।
