हिमाचल प्रदेश विधानसभा के मानसून सत्र के पहले दिन विधानसभा अध्यक्ष कुलदीप सिंह पठानिया ने स्कूली छात्र-छात्राओं के साथ संवाद करते हुए कहा कि सदन का सुचारू संचालन सत्ता पक्ष और विपक्ष के बीच आपसी सौहार्द, सामंजस्य और सदस्यों के सहयोग पर निर्भर करता है। सदन की कार्यवाही शुरू होने से पहले लगभग 104 छात्र-छात्राओं ने काउंसिल चैंबर में अध्यक्ष से मुलाकात कर संसदीय व्यवस्था, विधानसभा के गठन और स्पीकर की भूमिका की बारीकियों को समझा। पढ़ें विस्तार से -
शिमला: (HD News); हिमाचल प्रदेश विधान सभा के मॉनसून सत्र के पहले दिन विधान सभा अध्यक्ष कुलदीप सिंह पठानिया ने स्कूली छात्र-छात्राओं से सीधा संवाद किया। सदन की कार्यवाही शुरू होने से पूर्व काउंसिल चैंबर के गेट नंबर-1 पर कॉन्वेंट ऑफ जीजस एंड मैरी (चेल्सी) और राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला दिओट (चौपाल) के लगभग 104 छात्र-छात्राओं ने अध्यक्ष से मुलाकात कर संसदीय व्यवस्था की बारीकियों को समझा।

संसदीय प्रणाली और सदन की कार्यप्रणाली पर चर्चा
छात्रों ने विधान सभा अध्यक्ष से सदन की कार्यवाही, विधान सभा के गठन, मंत्रिपरिषद के चयन और सदन में स्पीकर की भूमिका से जुड़े कई सवाल पूछे। अध्यक्ष कुलदीप सिंह पठानिया ने सभी प्रश्नों के सिलसिलेवार उत्तर देते हुए बताया कि भारत की संसदीय व्यवस्था संघीय ढांचे पर आधारित है। केंद्र स्तर पर संसद (लोकसभा और राज्यसभा) तथा राज्यों में विधान मंडल व विधान परिषद कार्यरत हैं।
उन्होंने कहा, "सदन की कार्यवाही का सुचारू संचालन सत्ता पक्ष और विपक्ष दोनों के आपसी सहयोग, सौहार्द और सामंजस्य पर निर्भर करता है।"

देश के निर्माण में विधि विशेषज्ञों की अहम भूमिका
कानून की पढ़ाई से जुड़े विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए अध्यक्ष ने कहा कि छात्र ही देश का भविष्य हैं और लोकतांत्रिक प्रणाली व कानून व्यवस्था को सुदृढ़ बनाए रखना भावी पीढ़ी की जिम्मेदारी है। उन्होंने स्वतंत्रता संग्राम का स्मरण करते हुए कहा कि देश को आजादी दिलाने वाले मोतीलाल नेहरू, विट्ठलभाई पटेल, जवाहरलाल नेहरू, सरदार पटेल और डॉ. राजेंद्र प्रसाद जैसे महान नेता कानून की पृष्ठभूमि से ही आते थे। उन्होंने प्रथम निर्वाचित अध्यक्ष विट्ठलभाई पटेल द्वारा स्थापित उच्च संसदीय परंपराओं का भी उल्लेख किया।
इस अवसर पर विधान सभा अध्यक्ष ने सभी विद्यार्थियों को उनके उज्ज्वल भविष्य के लिए शुभकामनाएं दीं और उन्हें सदन की कार्यवाही प्रत्यक्ष देखने के लिए आमंत्रित किया। संवाद कार्यक्रम के दौरान प्रदेश सरकार के उप मुख्य सचेतक केवल सिंह पठानिया भी विशेष रूप से उपस्थित रहे।
