सिहुंता/नई दिल्ली: हिमाचल प्रदेश विधानसभा के अध्यक्ष कुलदीप सिंह पठानिया नई दिल्ली के संविधान सदन में आयोजित 12वें ब्रिक्स संसदीय मंच और पीठासीन अधिकारियों की अहम बैठक में हिस्सा लेने के बाद वापस लौट आए हैं। दिल्ली से वायु मार्ग द्वारा उड़ान भरकर वे आज दोपहर 12:20 बजे गगल एयरपोर्ट पहुंचे। वहां से सीधे अपने गृह क्षेत्र सिहुंता के लिए रवाना होकर दोपहर करीब 3:30 बजे वे अपने आवास पर पहुंच गए।

लोकसभा और दिल्ली विधानसभा अध्यक्ष का जताया आभार
दिल्ली से रवाना होने से पूर्व विधानसभा अध्यक्ष कुलदीप पठानिया ने लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला का विशेष रूप से आभार व्यक्त किया। उन्होंने ब्रिक्स संसदीय मंच जैसे प्रतिष्ठित वैश्विक आयोजन में आमंत्रित किए जाने के लिए बिरला को धन्यवाद दिया। इसके साथ ही, पीठासीन अधिकारियों की भव्य बैठक के सफल आयोजन और शानदार आतिथ्य सत्कार के लिए उन्होंने दिल्ली विधानसभा के अध्यक्ष विजेंद्र गुप्ता का भी धन्यवाद किया।
ब्रिक्स मंच पर दिखा वैचारिक एकरूपता का प्रयास
अपने अनुभवों को साझा करते हुए कुलदीप पठानिया ने कहा कि 12वें ब्रिक्स संसदीय मंच में भाग लेना एक अनूठा और शानदार अनुभव रहा। इस वैश्विक मंच पर 12 मुख्य देशों और 10 सहयोगी देशों की संसदों के पीठासीन अधिकारी व प्रतिनिधिमंडल मौजूद थे। उन्होंने कहा कि ऐसे अंतरराष्ट्रीय आयोजन न केवल वैश्विक स्तर पर विचारों में एकरूपता लाने का प्रयास करते हैं, बल्कि सद्भावना और तकनीक के माध्यम से एक-दूसरे देश की संस्कृति और सभ्यता को समझने का बेहतरीन अवसर भी प्रदान करते हैं।

विधानमंडलों की समान नियमावली पर दिसंबर में मुंबई में होगी अहम चर्चा
देशभर के विधायी निकायों के लिए एक 'समान मॉडल नियमावली' के मुद्दे पर पठानिया ने कहा कि भारत इस दिशा में काफी आगे बढ़ चुका है। हालांकि, उन्होंने इस बात पर भी जोर दिया कि छोटे और बड़े राज्य के विधानमंडलों की परिस्थितियों में अंतर होने के कारण पूरी तरह से एक जैसे नियम बनाकर कार्य-संचालन करना व्यावहारिक रूप से संभव नहीं है। उन्होंने जानकारी दी कि आगामी दिसंबर माह में महाराष्ट्र की राजधानी मुंबई में समिति की अगली बैठक निर्धारित है। इस बैठक में चर्चा कर किसी ठोस निष्कर्ष पर पहुंचने का प्रयास किया जाएगा, ताकि समान नियमावली की मसौदा रिपोर्ट को जल्द से जल्द अंतिम रूप दिया जा सके।
