हिंदू पंचांग के अनुसार, आज 21 फरवरी 2026, दिन शनिवार को फाल्गुन मास के शुक्ल पक्ष की चतुर्थी तिथि है। आज कुंभ राशि में सूर्य, बुध, शुक्र और राहु का एक साथ विराजमान होना एक अद्भुत ज्योतिषीय संयोग बना रहा है। इसके साथ ही, रेवती नक्षत्र और 'शुभ योग' का निर्माण आज के दिन को मांगलिक कार्यों और नई शुरुआत के लिए बेहद खास बना रहा है। आइए जानते हैं आज का सटीक पंचांग, दिन भर के शुभ-अशुभ मुहूर्त और ग्रहों की चाल का पूरा विवरण।
पंचांग : आज 21 फरवरी 2026 को फाल्गुन मास के शुक्ल पक्ष की चतुर्थी तिथि है (दोपहर 01:00 बजे तक)। यह पावन दिन विघ्नहर्ता भगवान श्री गणेश की आराधना के लिए अत्यंत कल्याणकारी माना जाता है। आज दोपहर 03:51 बजे तक 'शुभ योग' का निर्माण हो रहा है, जो मांगलिक कार्यों की शुरुआत और जीवन में सुख-समृद्धि की प्राप्ति के लिए विशेष फलदायी है। किसी भी नए या महत्वपूर्ण कार्य का शुभारंभ करने के लिए आज का दिन ज्योतिषीय दृष्टि से बेहद अनुकूल है।

ग्रहीय स्थिति और उनका प्रभाव
आज ग्रहों का गोचर एक बेहद सशक्त और दुर्लभ संयोग बना रहा है। कुंभ राशि में एक साथ सूर्यदेव, बुधदेव, शुक्रदेव और राहु विराजमान हैं। यह विशेष संयोग आपकी बौद्धिक क्षमता, सोचने-समझने की शक्ति और संवाद शैली (कम्युनिकेशन स्किल्स) को और भी अधिक प्रखर बनाएगा। वहीं, मकर राशि में मौजूद उच्च के मंगलदेव आपके आत्मविश्वास को बढ़ाते हुए निर्धारित लक्ष्यों की प्राप्ति में आपको भरपूर ऊर्जा प्रदान करेंगे। इसके अतिरिक्त, देवगुरु बृहस्पति मिथुन राशि में, शनिदेव मीन राशि में और केतु सिंह राशि में गोचर कर रहे हैं।
नक्षत्र और चंद्रमा की स्थिति
आज चंद्रदेव मीन राशि और रेवती नक्षत्र (सायं 07:07 बजे तक) में गोचर कर रहे हैं। बुधदेव के स्वामित्व और देवगुरु बृहस्पति की राशि वाले इस नक्षत्र के प्रभाव से आज व्यक्ति के स्वभाव में अंतर्ज्ञान, सहजता, ईमानदारी और चतुराई की वृद्धि होगी। रेवती नक्षत्र के देवता 'पूषा' (पोषण करने वाले देवता) हैं और इसका प्रतीक मछली है। इस नक्षत्र का प्रभाव आपको अधिक आशावादी, खुशमिजाज, कानूनप्रिय और साहसी बनाता है।

शुभ मुहूर्त एवं सूर्य-चंद्र की स्थिति
दिनचर्या को सुव्यवस्थित रूप से चलाने के लिए शुभ समय का विशेष ध्यान रखें। आज सूर्योदय प्रातः 06:54 बजे और सूर्यास्त सायं 06:15 बजे होगा। चंद्रोदय का समय प्रातः 08:56 बजे और चंद्रास्त रात्रि 10:16 बजे रहेगा। आज किसी भी महत्वपूर्ण कार्य या सौदे को अंतिम रूप देने के लिए दोपहर 12:12 बजे से 12:58 बजे तक का 'अभिजीत मुहूर्त' सर्वश्रेष्ठ रहेगा। इसके पश्चात सायं 04:49 बजे से 06:21 बजे तक 'अमृत काल' रहेगा, जो सकारात्मक ऊर्जा से परिपूर्ण है।
अशुभ समय (इनसे बचें)
आज प्रातः 09:45 बजे से 11:10 बजे तक 'राहुकाल' रहेगा। ज्योतिष शास्त्र के अनुसार राहुकाल के दौरान किसी भी प्रकार के नए कार्य की शुरुआत या महत्वपूर्ण निर्णय लेने से बचना चाहिए। इस दौरान मानसिक तनाव से दूर रहें और धैर्य बनाए रखें। इसके अलावा प्रातः 06:54 बजे से 08:19 बजे तक 'गुलिकाल' और दोपहर 02:00 बजे से 03:25 बजे तक 'यमगण्ड' रहेगा, जिसमें सतर्कता बरतना उचित है।

डिस्क्लेमर: इस लेख में दी गई पंचांग, मुहूर्त और ग्रहों की स्थिति से संबंधित जानकारी सामान्य मान्यताओं और ज्योतिषीय गणनाओं पर आधारित है। HD News इसकी पूर्ण प्रामाणिकता या सटीकता का दावा नहीं करता है। किसी भी विशेष अनुष्ठान, निवेश या महत्वपूर्ण कार्य को शुरू करने से पहले संबंधित क्षेत्र के विशेषज्ञ या ज्योतिषाचार्य से सलाह अवश्य लें।