हिमाचल प्रदेश विधान सभा का आज का दिन खास रहा, जब प्रदेश के विभिन्न स्कूलों और कॉलेजों के करीब 280 छात्र-छात्राएँ लोकतंत्र की कार्यवाही को नजदीक से देखने पहुँचे। सदन की कार्यवाही शुरू होने से पहले विद्यार्थियों ने विधान सभा अध्यक्ष कुलदीप सिंह पठानियां से संवाद किया और संसदीय प्रणाली, संविधान तथा लोकतंत्र की बारीकियों पर सवाल पूछे। इस मौके पर अध्यक्ष ने कहा कि युवाओं की यह रुचि बताती है कि भारत का लोकतंत्र भविष्य में और भी मजबूत और उज्ज्वल होगा। पढ़ें पूरी खबर..
शिमला, 29 अगस्त 2025: (HD News); हिमाचल प्रदेश विधान सभा में आज एक विशेष माहौल देखने को मिला, जब राज्य के विभिन्न शिक्षण संस्थानों के लगभग 280 छात्र-छात्राएँ सदन की कार्यवाही का अवलोकन करने पहुँचे। इनमें स्नातकोत्तर महाविद्यालय नाहन, राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला समरहिल, दयानन्द पब्लिक स्कूल शिमला, राजकीय महाविद्यालय जुखाला (बिलासपुर) तथा शहीद वेद प्रकाश राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला बियाचड़ी के विद्यार्थी शामिल थे।
सदन की कार्यवाही से पूर्व छात्रों ने विधान सभा अध्यक्ष कुलदीप सिंह पठानियां से मुलाकात की और उनसे संसदीय प्रणाली, संवैधानिक व्यवस्था, स्पीकर के पद की भूमिका तथा मंत्रीमंडल की शक्तियों से संबंधित कई प्रश्न पूछे। अध्यक्ष पठानियां ने बड़े ही विस्तार और सरल शब्दों में सभी प्रश्नों का उत्तर दिया।

छात्रों से संवाद
अध्यक्ष पठानियां ने कहा – “यह सुखद क्षण है कि आज के युवा संसदीय प्रक्रिया को समझने और लोकतांत्रिक व्यवस्था को नजदीक से देखने में रुचि दिखा रहे हैं। यही भारत के लोकतंत्र की शक्ति है, जो विश्व का सबसे बड़ा और मजबूत लोकतंत्र है।”
उन्होंने छात्रों को बताया कि लोकसभा और विधान सभा लोकतंत्र के सबसे बड़े मंदिर हैं, जहाँ से देश और प्रदेश की दशा-दिशा तय होती है। संविधान ने कानून बनाने का अधिकार केवल संसद और विधान सभा को दिया है।
पठानियां ने आगे कहा कि - लोकसभा व विधान सभा सदस्यों का चुनाव प्रत्यक्ष रूप से जनता करती है। दोनों सदनों का कार्यकाल 5 वर्ष होता है। राज्यसभा व विधान परिषद के सदस्य अप्रत्यक्ष रूप से चुने जाते हैं। हिमाचल प्रदेश में 68 विधायक, 4 लोकसभा सदस्य और 3 राज्यसभा सदस्य हैं।
"आज का बालक कल का नेता"
अध्यक्ष ने विद्यार्थियों को प्रेरित करते हुए कहा - “आज का बालक कल का नेता है, आने वाले समय में प्रदेश और देश की जिम्मेदारी आप सभी के कंधों पर होगी। स्वतंत्रता सेनानियों के बलिदान को हमेशा याद रखना चाहिए, क्योंकि आजादी और संविधान उन्हीं की शहादत की देन है।”
छात्रों को सदन की कार्यवाही का निमंत्रण
पठानियां ने छात्रों को सदन की कार्यवाही की रूपरेखा समझाई और उन्हें पूरा सत्र देखने का निमंत्रण दिया।
अध्यक्ष का चंबा दौरा
छात्रों से मुलाकात के बाद अध्यक्ष पठानियां दोपहर 2:45 बजे जिला चंबा के लिए रवाना हुए, जहाँ वे भारी वर्षा से हुए नुकसान का ग्राउंड जीरो पर जाकर जायजा लेंगे और प्रशासन को राहत-बचाव कार्यों में तेजी लाने के निर्देश देंगे। वे 1 सितम्बर को प्रातः 11:00 बजे हेलीकॉप्टर से शिमला लौटेंगे और दोपहर 2:00 बजे से सदन की कार्यवाही का संचालन करेंगे।