दिल्ली-एनसीआर में घुटने लगा दम: प्रदूषण पर लगाम लगाने के लिए निर्माण कार्यों और पुरानी गाड़ियों के प्रवेश पर सख्त पाबंदी       मध्य पूर्व में फिर गहराया युद्ध का संकट: अमेरिका की संभावित कार्रवाई की अटकलों के बीच ईरान ने दी खुली चेतावनी       अमेरिकी मध्यावधि चुनाव का काउंटडाउन शुरू: अर्ली वोटिंग ने तोड़े रिकॉर्ड, ट्रंप की साख दांव पर       एशियाई पैरा गेम्स 2026 में भारत का ऐतिहासिक प्रदर्शन और कबड्डी में फाइनल में प्रवेश       पाकिस्तान ने रोमांचक फाइनल में श्रीलंका को हराकर जीती वनडे ट्राई-सीरीज       दक्षिण अफ्रीका की ऐतिहासिक टेस्ट सीरीज जीत: 8 साल बाद ऑस्ट्रेलिया को हराकर हासिल किया नंबर-1 का ताज       भारत बनाम न्यूजीलैंड: सेडन पार्क में टी20 सीरीज के सुखद अंत और वनडे की तैयारियों पर टीम इंडिया की नजर       त्योहारी सीजन में हिमाचली सेब और पहाड़ी ड्राई फ्रूट्स की भारी डिमांड: गिफ्ट पैक में किन्नौरी अखरोट, चिलगोजा और शुद्ध शहद बने पहली पसंद       दीपावली और विंटर सीजन से पहले हिमाचल के पर्यटन कारोबार में रौनक: शिमला, सोलन और मनाली के होटलों में बढ़ी एडवांस बुकिंग       शिमला और सोलन के बाजारों में फेस्टिव शॉपिंग का बूम: होम फर्निशिंग, इलेक्ट्रॉनिक्स और हार्डवेयर की दुकानों में उमड़ी ग्राहकों की भीड़      

धर्म/संस्कृति

शीतकाल के लिए चारधाम के कपाट बंद होने की प्रक्रिया तेज: यात्रा के अंतिम चरण में दर्शन के लिए पहुंच रहे हजारों श्रद्धालु

November 01, 2026 06:09 AM
ओम प्रकाश ठाकुर

उत्तराखंड के विश्व प्रसिद्ध चारधाम—केदारनाथ, बदरीनाथ, गंगोत्री और यमुनोत्री में शीतकालीन कपाट बंदी की तिथियां नजदीक आने के साथ ही यात्रा अब अपने अंतिम चरण में पहुंच गई है। नवंबर माह की शुरुआत और आगामी दीपावली व भैयादूज पर्व के आसपास परंपरागत रूप से गंगोत्री, यमुनोत्री और केदारनाथ धाम के कपाट शीतकाल के लिए बंद कर दिए जाते हैं। इसे देखते हुए कपाट बंद होने से पहले बाबा केदार और बदरी विशाल के दर्शन करने के लिए देश-विदेश से श्रद्धालुओं का भारी जत्था हिमालयी धामों में पहुंच रहा है।

उच्च हिमालयी क्षेत्रों में सुबह और शाम के समय तापमान में भारी गिरावट आने के बावजूद भक्तों के उत्साह में कोई कमी नहीं देखी जा रही है। मंदिर समितियों द्वारा शीतकालीन प्रवास और डोली यात्रा की तैयारियां तेज कर दी गई हैं। परंपरा के अनुसार, कपाट बंद होने के बाद अगले छह महीनों तक इन धामों के चल विग्रहों (उत्सव डोलियों) की पूजा उनके शीतकालीन गद्दीस्थलों—मुखबा, खरसाली, ऊखीमठ और पांडुकेश्वर में की जाती है, जहां श्रद्धालु शीतकाल के दौरान दर्शन कर सकते हैं।

हिमाचल प्रदेश के प्रमुख शक्तिपीठों—चिंतपूर्णी, ज्वालाजी, नैना देवी, चामुंडा देवी और बज्रेश्वरी धाम में भी कार्तिक मास और रविवार के चलते आज सुबह से ही श्रद्धालुओं की लंबी कतारें लगी हुई हैं। मंदिर प्रशासन की ओर से बुजुर्गों और दूर-दराज से आने वाले यात्रियों की सुविधा के लिए सुगम दर्शन, पेयजल और लंगर की व्यवस्थाओं को दुरुस्त रखा गया है। धार्मिक पर्यटन से जुड़े क्षेत्रों में दीपावली के उत्सव से पहले इस सप्ताहांत पर खासी चहल-पहल बनी हुई है।

Have something to say? Post your comment

धर्म/संस्कृति में और

कार्तिक मास में तीर्थ नगरी में उमड़ा आस्था का सैलाब: ब्रह्म मुहूर्त में गंगा स्नान और दीपदान से गूंजे प्रमुख घाट

आज अहोई अष्टमी पर माताएं रखेंगी निर्जला व्रत: तारों की छांव में अर्घ्य देकर करेंगी संतान की दीर्घायु की कामना

रविवार और पुष्य नक्षत्र का महासंयोग: आज रवि पुष्य योग में खरीदारी और शुभ कार्यों से मिलेगा विशेष फल

धनतेरस 2026: 6 नवंबर को सिर्फ 1 घंटा 56 मिनट रहेगा सबसे शक्तिशाली मुहूर्त; सोना-चांदी न सही, चुपचाप घर ले आएं ये ₹10 की चीज, साल भर खाली नहीं होगी तिजोरी! - पढ़ें पूरी खबर..

कार्तिक मास के शनिवार पर आज शनि धामों और हनुमान मंदिरों में उमड़ रहा आस्था का सैलाब - पढ़ें पूरी खबर..

आज शाम से लगेगा अहोई अष्टमी के व्रत का संकल्प, बाज़ारों और राधा कुंड में आज उमड़े श्रद्धालु

आज 31 अक्टूबर को देवगुरु बृहस्पति का सिंह राशि में महागोचर, शनि के साथ बना षडाष्टक योग

शीतकाल के लिए चारधाम के कपाट बंद होने की प्रक्रिया नजदीक, दर्शन के लिए उमड़े श्रद्धालु

प्राचीन मंदिरों के जीर्णोद्धार और सांस्कृतिक धरोहर के संरक्षण के लिए शुरू हुई विशेष राष्ट्रीय पहल

काशी विश्वनाथ धाम में कार्तिक मास की विशेष रौनक, गंगा स्नान के लिए उमड़ा आस्था का जनसैलाब